
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) भारतीय निवेशकों के बीच एक लोकप्रिय छोटी बचत योजना है, जो सरकार द्वारा समर्थित है। यह योजना निवेशकों को न केवल सुरक्षित रिटर्न प्रदान करती है, बल्कि टैक्स बचत का भी लाभ देती है। वर्तमान में, NSC पर 7.7% वार्षिक ब्याज दर मिल रही है, जो वार्षिक रूप से संयोजित (compounded annually) होती है और परिपक्वता (maturity) पर भुगतान किया जाता है।
अगर कोई निवेशक ₹50,000 की राशि राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) में निवेश करता है, तो 5 वर्षों के बाद यह राशि ब्याज सहित लगभग ₹72,447.43 हो जाएगी। इस योजना की खास बात यह है कि इसमें अर्जित ब्याज हर वर्ष मूलधन में जुड़ जाता है, जिससे चक्रवृद्धि (compound interest) का लाभ मिलता है।
यह भी देखें: Post Office Scheme: सिर्फ ₹1000 निवेश करें और पाएं ₹1 लाख! जानें यह धमाकेदार स्कीम और पूरी कैलकुलेशन
NSC में ₹50,000 निवेश पर ब्याज गणना
NSC में निवेश पर मिलने वाला ब्याज वार्षिक रूप से संयोजित होता है, जिससे हर वर्ष अर्जित ब्याज मूलधन का हिस्सा बन जाता है और अगले वर्ष उस पर भी ब्याज लागू होता है। यदि आप ₹50,000 निवेश करते हैं, तो 5 वर्षों के बाद यह इस प्रकार बढ़ेगा:
पहले वर्ष के अंत में, ₹50,000 पर 7.7% ब्याज दर से ₹3,850 का ब्याज जुड़कर कुल राशि ₹53,850 हो जाएगी। दूसरे वर्ष में, इस राशि पर ब्याज जुड़कर ₹57,995.45 हो जाएगी। इसी प्रकार, पांचवें वर्ष के अंत तक यह राशि बढ़कर ₹72,447.43 हो जाती है।
NSC के प्रमुख लाभ
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) में निवेश करने से कई लाभ मिलते हैं। सबसे बड़ा लाभ यह है कि यह एक सुरक्षित निवेश विकल्प है, क्योंकि इसे सरकार द्वारा समर्थन प्राप्त है। इसके अलावा, इसमें टैक्स छूट भी मिलती है। इन्वेस्टर्स को आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत ₹1.5 लाख तक की टैक्स छूट मिलती है। साथ ही, इसमें अर्जित ब्याज को भी अगले वर्षों में पुनर्निवेशित (reinvested) माना जाता है, जिससे यह अतिरिक्त टैक्स बचत का अवसर प्रदान करता है।
एक और महत्वपूर्ण लाभ यह है कि NSC को बैंकों और अन्य वित्तीय संस्थानों के पास गिरवी (collateral) के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। अगर किसी निवेशक को लोन की जरूरत हो, तो वह अपने NSC को सिक्योरिटी के रूप में उपयोग कर सकता है।
यह भी देखें: गारंटीड कमाई के लिए हैं पोस्ट ऑफिस की ये 5 तगड़ी सेविंग स्कीम, FD से भी ज्यादा देती हैं ब्याज
कैसे करें NSC में निवेश?
NSC में निवेश करने की प्रक्रिया बेहद आसान है। इसे किसी भी नजदीकी पोस्ट ऑफिस से खरीदा जा सकता है। निवेशक को एक आवेदन पत्र भरना होगा और आधार कार्ड, पैन कार्ड, तथा एड्रेस प्रूफ जैसे दस्तावेज जमा करने होंगे। न्यूनतम निवेश राशि ₹1,000 है, जबकि अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है।
यह निवेश खासतौर पर उन लोगों के लिए उपयुक्त है, जो लंबी अवधि के लिए सुरक्षित और स्थिर रिटर्न चाहते हैं। 5 साल की लॉक-इन अवधि के बाद निवेशकों को पूरी परिपक्वता राशि एकमुश्त प्राप्त होती है।
क्या NSC में समय से पहले पैसा निकाला जा सकता है?
आमतौर पर, NSC की मैच्योरिटी अवधि 5 वर्ष की होती है, और इसे बीच में भुनाया नहीं जा सकता। हालांकि, निवेशक की मृत्यु या न्यायालय के आदेश के मामलों में समय से पहले निकासी संभव है। लेकिन अन्यथा इसमें निवेश पूरी अवधि तक बनाए रखना आवश्यक होता है।
यह भी देखें: Post Office Interest Rates: किस स्कीम में मिलेगा सबसे ज्यादा ब्याज? जानें हर योजना का लेटेस्ट इंटरेस्ट रेट